
जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कर करेंत्तर राजस्व वसूली एवं अन्य राजस्व कार्यो की मासिक समीक्षा बैठक संपन्न
कलेक्ट्रेट, विकास भवन, समस्त तहसीलों एवं विकास खंडों में बिना हेलमेट दो पहिया वाहनों का प्रवेश वर्जित : जिलाधिकारी
फास्ट इंडिया न्यूज ब्यूरो
मऊ । जिलाधिकारी प्रवीण मिश्र की अध्यक्षता में सीएम डैशबोर्ड पर आधारित कर करेंत्तर राजस्व वसूली तथा अन्य राजस्व कार्यो की मासिक समीक्षा बैठक कल देर शाम कलेक्ट्रेट सभागार में संपन्न हुई। कर करेंत्तर राजस्व वसूली की समीक्षा के दौरान माह हेतु निर्धारित लक्ष्य 135.30 करोड़ रुपए के सापेक्ष 68.82 करोड रुपए की वसूली पाई गई। जो कुल के सापेक्ष 76.25 प्रतिशत है। जिसमें व्यापार कर में 61.96%, स्टांप रजिस्ट्रेशन में 91.53 प्रतिशत, परिवहन कर में 75.66 प्रतिशत, आबकारी में 67.65%, खनन में 55.67 प्रतिशत, विद्युत देय में 65.58 प्रतिशत, बैंक देय 102.28 प्रतिशत है।जिलाधिकारी ने ऐसे समस्त विभागों को जिनका लक्ष्य के सापेक्ष वसूली शत् प्रतिशत नहीं है उन्हें विशेष प्रयास कर आगामी माह में वार्षिक लक्ष्य के सापेक्ष शत् प्रतिशत वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। खनन विभाग की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारी को ईट भट्ठे वालों पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए। मुख्य देय एवं विविध देय की वसूली लक्ष्य के सापेक्ष पाई गई। अमीनवार औसत वसूली में खराब प्रदर्शन करने वाले अमीनो के खिलाफ कार्यवाही करने के भी निर्देश उन्होंने दिए। 10 बड़े बकायेदारों की वसूली की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने आवश्यक होने पर संबंधित की संपत्ति कुर्क कर नीलामी प्रक्रिया अपनाने के निर्देश दिए। वादों के निस्तारण की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने समाधान योजना के तहत अधिक से अधिक मामले निपटाने को कहा। आडिट आपत्तियों के निस्तारण की प्रगति की समीक्षा के दौरान उन्होंने समस्त उप जिलाधिकारी को आडिट आपत्तियों का गहनता से अध्ययन कर अग्रेत्तर कार्यवाही करने को कहा। भू आवंटन की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कृषि एवं आवास हेतु लक्ष्य के सापेक्ष लोगों को भूमि आवंटन करने के निर्देश दिए। इस दौरान जिलाधिकारी ने भू माफियाओं तथा अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध प्राप्त शिकायतों का तत्काल संज्ञान लेते हुए कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए। जन शिकायतों के निस्तारण तथा निगेटिव फीडबैक के कारण जनपद की खराब रैंकिंग पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने समस्त संबंधित अधिकारियों को प्राप्त शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण ढंग से निस्तारण करने को कहा, जिससे फीडबैक पॉजिटिव आए तथा जनपद की रैंकिंग में सुधार हो। इसके अलावा उन्होंने तहसीलदार एवं सब रजिस्टार को भी शिकायतों का ठीक ढंग से निस्तारण करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने समस्त विभागाध्यक्षों, उप जिलाधिकारी तथा तहसीलदारों को प्राप्त आख्या का गहनता से अध्ययन करने के उपरांत ही प्रेषित करने के निर्देश दिए। उन्होंने समस्त उप जिलाधिकारियों को जाति, निवास प्रमाण पत्र निर्धारित समय सीमा के अंदर ही जारी करने को कहा। उन्होंने सभी अधिकारियों को बेहतर लीडरशिप निभाते हुए नियमानुसार सही निर्णय लेने को कहा तथा गलत कार्य करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान ही जिलाधिकारी ने समस्त अधिकारियों को उनके कार्यालय में कार्यरत कर्मचारियों को बिना हेलमेट के कार्यालय आने पर प्रवेश प्रतिबंधित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सीएम डैशबोर्ड पर आधारित विकास कार्यों में अच्छी ग्रेड न लाने वाले समस्त अधिकारियों को इस माह बेहतर कार्य करते हुए उनके विभाग में संचालित योजनाओं की ग्रेडिंग में सुधार लाने के निर्देश दिए अन्यथा की स्थिति में कड़ी कार्यवाही की चेतावनी दी।
जिलाधिकारी ने मुख्य राजस्व अधिकारी को कहा कि सभी तहसीलों में अभिलेख सहित अन्य मामलों की जांच करें, जिससे निरीक्षण के दौरान तहसीलों के अभिलेख सहित अन्य मामलों में कमियां न मिले।
बैठक के दौरान मुख्य राजस्व अधिकारी दिनेश, अपर जिलाधिकारी सत्यप्रिय सिंह, समस्त उप जिलाधिकारी, समस्त तहसीलदार, अधिशासी अधिकारी तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।